चित्तौड़गढ़ नगर परिषद चुनाव 2026: वार्ड 21 में एक ही परिवार की बहुओं के बीच रोचक सियासी मुकाबला
चित्तौड़गढ़। नगर परिषद चुनाव 2026 में वार्ड नंबर 21 का चुनाव इस बार खासा रोचक बना हुआ है। यहां मुकाबला भाजपा और कांग्रेस के बीच तो है ही, लेकिन सबसे खास बात यह है कि दोनों प्रमुख राजनीतिक दलों ने एक ही परिवार की बहुओं को अपना प्रत्याशी बनाया है।

वार्ड नंबर 21 महिला ओबीसी के लिए आरक्षित होने के बाद कांग्रेस और भाजपा ने एक ही परिवार से जुड़ी दो बहुओं पर भरोसा जताया है। वर्ष 2019 से 2024 तक इस वार्ड से कांग्रेस के नवीन सिंह तंवर पार्षद रह चुके हैं।
इस बार कांग्रेस ने आरपीएफ में रहे स्वर्गीय छोटे खान की बहू और फिरोज खान की पत्नी फिरदौस बानो को चुनाव मैदान में उतारा है। वहीं भाजपा ने छोटे खान के छोटे भाई मोहम्मद हुसैन की बहू और जाहिद हुसैन की पत्नी शाहीन बी को प्रत्याशी बनाया है।
यानी वार्ड 21 में इस बार मुकाबला सिर्फ भाजपा और कांग्रेस के बीच नहीं, बल्कि एक ही परिवार की दो बहुओं के बीच भी सियासी टक्कर के रूप में देखा जा रहा है। दोनों प्रत्याशी अपने-अपने परिवार और समर्थकों के साथ वार्ड की गलियों में डोर-टू-डोर जनसंपर्क कर रही हैं और मतदाताओं से अपने पक्ष में मतदान करने की अपील कर रही हैं।
1432 मतदाता, कई स्थानीय मुद्दे
वार्ड नंबर 21 में कुल 1432 मतदाता हैं। यह वार्ड प्रताप सर्कल से शुरू होकर किसान भवन, विजय कॉलोनी, गाड़िया लोहार कॉलोनी होते हुए रेलवे कॉलोनी लोको क्षेत्र तक फैला हुआ है।
वार्ड में मूलभूत सुविधाओं के साथ कई स्थानीय समस्याएं भी मतदाताओं के लिए अहम मुद्दा बनी हुई हैं। कई स्थानों पर सड़कों की हालत खराब है, वहीं नालियों की नियमित सफाई नहीं होने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
लिंक रोड पर स्थित डंपिंग यार्ड भी स्थानीय लोगों के लिए परेशानी का कारण बना हुआ है। यहां कचरा और उससे उठने वाली बदबू के कारण लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।
वहीं रेलवे स्टेशन बाजार वार्ड का एक बड़ा मुद्दा बनकर सामने आ रहा है। बाजार क्षेत्र में गंदगी और जाम नालियों की समस्या के साथ प्याऊ के आसपास सब्जी विक्रेताओं के अतिक्रमण की समस्या भी है। निंबाहेड़ा रोड के दोनों तरफ गंदगी और स्ट्रीट लाइट को लेकर भी स्थानीय लोग सवाल उठा रहे हैं।
रेलवे स्टेशन बाजार में स्थानीय व्यापारियों और यात्रियों के लिए सार्वजनिक बाथरूम अथवा मूत्रालय की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होना भी एक प्रमुख समस्या है। इसके चलते लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है।
वादों और दावों के बीच फैसला जनता का
नगर निकाय चुनाव के बीच दोनों प्रत्याशियों की ओर से मतदाताओं को विकास और समस्याओं के समाधान के वादे किए जा रहे हैं। प्रत्याशी लगातार घर-घर पहुंचकर अपना समर्थन मजबूत करने में जुटे हैं।
अब देखना दिलचस्प होगा कि 1432 मतदाताओं वाला वार्ड नंबर 21 इस बार किसके पक्ष में अपना फैसला सुनाता है—कांग्रेस की फिरदौस बानो या भाजपा की शाहीन बी।
एक ही परिवार की दो बहुओं के बीच होने वाला यह मुकाबला निश्चित रूप से वार्ड 21 के चुनाव को चित्तौड़गढ़ के सबसे रोचक मुकाबलों में शामिल करता है।
यह खबरें भी पढ़ें…







