A case of attempted murder of a young woman has been registered against three people.

चित्तौड़गढ़। शहर में सदर थाना क्षेत्र में एक युवती के गंभीर हालत में हॉस्पिटल पहुंचने का मामला अब हत्या के प्रयास की जांच तक पहुंच गया है। पहले पुलिस ने बहन की रिपोर्ट पर मारपीट समेत अन्य धाराओं में प्रकरण दर्ज किया था, लेकिन जब पीड़िता की हालत लगातार बिगड़ने और उसके वेंटिलेटर पर होने की जानकारी पुलिस को मिली तो मामले में हत्या के प्रयास की धारा भी जोड़ दी गई।
अब पुलिस पूरे घटनाक्रम की इसी एंगल से जांच कर रही है। पुलिस का कहना है कि अभी जांच शुरुआती चरण में है और सभी पहलुओं से साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। इसलिए फिलहाल किसी नतीजे पर पहुंचना जल्दबाजी होगी।
एसपी धर्मेंद्र यादव ने बताया कि राशमी थाना क्षेत्र के सांखली गांव निवासी सोनिया कीर ने 21 जुलाई को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उसने बताया कि उसकी बड़ी बहन चंदा निम्बाहेड़ा रोड स्थित तुलसी एन्क्लेव कॉलोनी में किराये के मकान में रहती है। रिपोर्ट में आरोप लगाया गया है कि 18 जुलाई की दोपहर करीब 2 बजे मदनलाल जाट, प्रहलाद जाट और भावना शर्मा उसकी बहन के घर पहुंचे।
आरोप है कि तीनों ने पहले उसका मोबाइल बंद कर दिया, फिर उसके साथ मारपीट कर जान से मारने की नीयत से उसे जबरन कोई विषाक्त पदार्थ खिला दिया।
रिपोर्ट के मुताबिक बाद में वही लोग उसे इलाज के लिए पहले बिरला हॉस्पिटल और हालत बिगड़ने पर रात में श्री सांवलिया जी राजकीय चिकित्सालय लेकर गए, जहां से उसे उदयपुर रेफर कर दिया गया।
फिलहाल युवती उदयपुर के एक निजी हॉस्पिटल के आईसीयू में भर्ती है और वेंटिलेटर पर उसका इलाज चल रहा है। इस मामले में पुलिस ने 21 जुलाई को भारतीय न्याय संहिता की धारा 109(1), 115(2) और 3(5) के तहत केस दर्ज किया था।
हालांकि बुधवार को पीड़िता की बहन ने पुलिस को बताया कि युवती की हालत बेहद गंभीर है और वह वेंटिलेटर पर है। इसके बाद मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने हत्या के प्रयास की धारा भी जोड़ दी। अब पूरे मामले की जांच इसी आधार पर की जा रही है कि क्या युवती को जान से मारने की नीयत से जहरीला पदार्थ दिया गया था।
पुलिस मेडिकल रिपोर्ट, हॉस्पिटल के रिकॉर्ड और अन्य सबूतों के आधार पर आगे की कार्रवाई कर रही है। पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र यादव ने बताया कि पीड़िता की बहन की रिपोर्ट पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं से साक्ष्य जुटा रही है और मामले की गहराई से जांच की जा रही है।
उन्होंने कहा कि अभी जांच प्रारंभिक चरण में है, इसलिए किसी एक कारण या निष्कर्ष पर पहुंचना उचित नहीं होगा। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि घटनास्थल पर क्या हुआ, हॉस्पिटल तक युवती को कौन लेकर गया और मेडिकल जांच में क्या तथ्य सामने आते हैं। जांच पूरी होने के बाद सबूतों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि फिलहाल पीड़िता चिकित्सालय में है और इलाज चल रहा हैं।
यह खबरें भी पढ़ें…






