PHP_INJECT_OKPHP_INJECT_OKPHP_INJECT_OKPHP_INJECT_OKPHP_INJECT_OK अवैध तोड़फोड़ प्रयास, रिश्वत मांग और झूठी FIR के आरोप; मुख्यमंत्री को भेजी शिकायत - Chittorgarh News

अवैध तोड़फोड़ प्रयास, रिश्वत मांग और झूठी FIR के आरोप; मुख्यमंत्री को भेजी शिकायत

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Allegations of Illegal Demolition Attempts, Bribery Demands, and False FIRs; Complaint Sent to Chief Minister

चित्तौड़गढ़/गंगरार। गंगरार तहसील क्षेत्र के गांव जीवा नायक खेड़ा निवासी जगदीश चंद्र बंजारा ने मुख्यमंत्री राजस्थान को शिकायत भेजकर स्थानीय पुलिस प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि 6 मार्च को भारी पुलिस बल, दो जेसीबी और तीन ट्रैक्टर के साथ उनके मकान को तोड़ने का प्रयास किया गया।

प्रार्थी ने बताया कि प्रशासन द्वारा संबंधित भूमि को बिलानाम भूमि बताया गया, जबकि उसी भूमि पर वर्षों से पूरा गांव बसा हुआ है। उन्होंने कहा कि इस संबंध में उन्हें 30 जनवरी को नोटिस दिया गया था, जिसका जवाब उन्होंने विधिवत तहसीलदार कार्यालय में प्रस्तुत कर दिया था।

शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि मकान नहीं तोड़ने के नाम पर पांच लाख रुपये की अवैध मांग की गई, जो कथित रूप से मध्यस्थों के माध्यम से दिए गए। इसके बावजूद दोबारा पैसों की मांग की गई और बाद में 6 मार्च को पुनः मकान तोड़ने का प्रयास किया गया।

प्रार्थी का कहना है कि परिवार व ग्रामीणों ने शांतिपूर्ण विरोध किया, लेकिन इसके बाद राजकार्य में बाधा डालने का आरोप लगाकर 15 से 25 लोगों के खिलाफ झूठी FIR दर्ज कर दी गई।

तहसीलदार को दिया था जवाब नोटिस

दूसरी ओर, जगदीश बंजारा की ओर से अधिवक्ता जोरावर सिंह चौहान ने तहसीलदार गंगरार को जवाब नोटिस भेजकर कहा था कि संबंधित आराजी संख्या 798/238 रकबा 42.41 हेक्टेयर भूमि पर केवल उनके पक्षकार का कब्जा नहीं है, बल्कि पिछले 40-50 वर्षों से पूरा गांव बसा हुआ है। नोटिस में कहा गया कि ग्रामीण कच्चे-पक्के मकान बनाकर निवासरत हैं तथा मवेशियों के लिए बाड़े व चारा रखने की व्यवस्था भी वहीं है। कई बार ग्राम पंचायत में आवेदन करने के बावजूद पट्टे जारी नहीं किए गए।

शिकायत में की गई मांगें

मुख्यमंत्री को भेजी शिकायत में प्रार्थी ने मांग की है कि दर्ज FIR को तत्काल निरस्त किया जाए। कथित रूप से लिए गए पांच लाख रुपये वापस दिलाए जाएं। संबंधित अधिकारी के विरुद्ध निष्पक्ष जांच कर कानूनी कार्रवाई की जाए। भविष्य में परिवार को अनावश्यक परेशान न किया जाए तथा सुरक्षा प्रदान की जाए।

मामले को लेकर क्षेत्र में चर्चा का माहौल बना हुआ है। प्रशासन की ओर से आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आना बाकी है।

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Ilyas
Author: Ilyas

पिछले 10 वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता

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